✍️ मन की बात में पीएम मोदी ने बताया ड्रोन गिरने का कारण
✍️नई दिल्ली।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को अपने मासिक रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ के 128वें एपिसोड के माध्यम से देशवासियों को संबोधित किया। अपने संदेश में उन्होंने कहा कि नवंबर महीना कई ऐतिहासिक और प्रेरणादायी घटनाओं का साक्षी रहा।पीएम मोदी ने इसरो की ड्रोन प्रतियोगिता, 26 नवंबर – संविधान दिवस, और वंदे मातरम की 150वीं वर्षगांठ जैसे महत्वपूर्ण विषयों का उल्लेख किया। उन्होंने बताया कि संविधान दिवस के अवसर पर केंद्रीय कक्ष में विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया, वहीं वंदे मातरम की 150वीं वर्षगांठ के उपलक्ष्य में देशभर में भव्य आयोजनों की श्रृंखला शुरू हो चुकी है।प्रधानमंत्री ने यह भी कहा कि 25 नवंबर को अयोध्या के श्रीराम मंदिर में धर्म ध्वज फहराया गया, जो देश के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण क्षण रहा।
🚁 इसरो ड्रोन प्रतियोगिता और ड्रोन गिरने का कारण
पीएम मोदी ने कार्यक्रम में युवाओं के नवाचार की सराहना करते हुए इसरो की ड्रोन प्रतियोगिता का विशेष उल्लेख किया। उन्होंने बताया कि प्रतियोगिता में देशभर के युवा—विशेषकर Gen-Z—मंगल ग्रह जैसी परिस्थितियों में ड्रोन उड़ाने की चुनौती से जूझ रहे थे।
उन्होंने कारण बताया कि—
🔸 ड्रोन बार-बार गिर जाते थे, क्योंकि उनमें GPS सपोर्ट नहीं था।
🔸 मंगल पर GPS प्रणाली संभव नहीं, इसलिए ड्रोन को सिर्फ अपने कैमरे और इन-बिल्ट सॉफ्टवेयर के आधार पर उड़ना पड़ता है।
प्रतियोगिता में पुणे की एक टीम विजेता बनी। उनका ड्रोन कई बार गिरा, क्षतिग्रस्त हुआ, लेकिन टीम ने हार नहीं मानी और लगातार सुधार करते हुए अंततः सफलता पाई।पीएम मोदी ने कहा कि यह वीडियो उन्हें उस क्षण की याद दिलाता है जब चंद्रयान नेटवर्क से बाहर हो गया था, लेकिन वैज्ञानिकों ने उसी दिन से सफलता की नई रणनीति पर कार्य प्रारंभ कर दिया। उन्होंने युवाओं के जज्बे को विकसित भारत की सबसे बड़ी शक्ति बताया।
🇮🇳 भारत की प्रगति पर पीएम मोदी के मुख्य उल्लेख
प्रधानमंत्री ने देश के विभिन्न क्षेत्रों में हो रही प्रगति को रेखांकित करते हुए कहा कि—
🌾 कृषि क्षेत्र
🔹 भारत ने 357 मिलियन टन खाद्यान्न उत्पादन कर ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है।
✈️ एविएशन एवं रक्षा क्षेत्र
🔹 INS Mahé को भारतीय नौसेना में शामिल किया गया।
🔹 स्कायरूट के ‘इन्फिनिटी कैंपस’ ने देश के अंतरिक्ष इकोसिस्टम को नई गति दी।
🏅 खेल जगत
पीएम ने कहा कि भारत जल्द ही कॉमनवेल्थ गेम्स की मेजबानी करेगा, जो देश की बढ़ती वैश्विक प्रतिष्ठा का प्रमाण है।उन्होंने युवाओं और देशवासियों से नवाचार, मेहनत और सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ने का आह्वान किया।



