Delhi Blast: बंगाल से हिरासत में लिए गए डॉक्टर जांनिसार को NIA ने रिहा किया
रायगंज/दालखोला (प. बंगाल)
- रायगंज/दालखोला (प. बंगाल)। दिल्ली कार ब्लास्ट की जांच के सिलसिले में हिरासत में लिए गए डॉक्टर जांनिसार आलम उर्फ जिगर को एनआईए ने पूछताछ के बाद रिहा कर दिया। एनआईए टीम ने उन्हें उत्तर दिनाजपुर जिले के दालखोला स्थित घर से हिरासत में लिया था।परिजनों के अनुसार, जांनिसार को दिल्ली ब्लास्ट केस में गिरफ्तार एक डॉक्टर से जान-पहचान और फोन पर हुई बातचीत के आधार पर पूछताछ के लिए बुलाया गया था। चाचा अब्दुल कासिम ने बताया कि सिलीगुड़ी स्थित एनआईए ऑफिस से कॉल आने पर वे अभिभावक के रूप में वहां पहुंचे और शनिवार शाम उसे साथ लेकर दालखोला लौटे
अब्दुल कासिम ने कहा कि एनआईए अधिकारियों ने जांनिसार के साथ अच्छा व्यवहार किया और उसने सभी सवालों के जवाब दिए। जांच अधिकारी संतुष्ट होने पर उसे छोड़ दिया गया। उन्होंने कहा, “हम शुरू से कह रहे थे कि अगर निष्पक्ष जांच होगी तो जांनिसार बेगुनाह साबित होगा।”
परिवार के मुताबिक, जांनिसार ने 2024 में हरियाणा की अल फलाह यूनिवर्सिटी से एमबीबीएस किया है और एमडी की तैयारी कर रहा है। हाल ही में वह चंडीगढ़ में परीक्षा देकर 12 नवंबर को गांव आया था, जबकि दिल्ली कार ब्लास्ट 10 नवंबर को हुआ था। एनआईए ने 14 नवंबर को उसे हिरासत में लिया था।
गौरतलब है कि दिल्ली ब्लास्ट केस में हरियाणा स्थित अल फलाह यूनिवर्सिटी से जुड़े कई डॉक्टरों और पूर्व छात्रों पर एजेंसियों की नजर है। इस कड़ी में एनएमसी ने विश्वविद्यालय से जुड़े चार डॉक्टरों के मेडिकल लाइसेंस रद्द किए हैं, जबकि संदिग्ध डॉ. उमर-उन-नबी सहित कई नाम जांच के दायरे में हैं।

